This is a humble collection of songs of Sahir Ludhianvi, the greatest lyricist, Bollywood has ever seen. Sahir used his songs for spreading message of love for humankind through philosophical notes or social commentary. He also used some of his ghazals & nazms in his movies also by simplifying them. For selecting a song of their choice, readers may type the name of song, movie, singer, composer etc in the SEARCH column on right side, or use the Labels on left side of page.
March 02, 2016
February 16, 2016
February 11, 2016
साहिर लुधियानवी : मेरे गीत तुम्हारे Sahir Ludhianvi : Mere Geet Tumhare
मुझे यह बताते हुए बहुत
खुशी हो रही है कि साहिर लुधियानवी पर मेरी दूसरी पुस्तक प्रकाशित हो चुकी है -
साहिर लुधियानवी : मेरे गीत तुम्हारे | यह पुस्तक साहिर
के गीतों पर मेरे तीन वर्षों के अध्ययन का परिणाम है | इसे स्टार पब्लिकेशन्स, नई दिल्ली द्वारा प्रकाशित
किया गया है |
साहिर फिल्मी-गीतों को महज मनोरंजन का साधन नहीं मानते थे | उन्होंने अपने गीतों में कई विषयों को उठाया | उन्होंने न सिर्फ सामाजिक बुराइयों पर आघात किया, बल्कि आजाद भारत के हालात, उसके भविष्य की रूपरेखा, धार्मिक सौहार्द, स्त्रियों की स्थिति, वक्त की ताकत, प्रेम की अवधारणा जैसे कई जटिल विषयों पर अपने विचार रखे । साहिर के अलावा शायद ही किसी गीतकार का कैनवास इतना विशाल रहा हो । मौजूदा पुस्तक में इन विषयों पर विस्तार से प्रकाश डाला गया है और साहिर के विचारों को जानने, समझने की कोशिश की गई है |
साहिर ने 115-120 फिल्मों के लिए लगभग सवा से साढ़े सात सौ गीत लिखे । मुझे उनकी 114 फिल्मों के 712 गीतों की जानकारी मिली | इनमें से मुझे 696 गीत उपलब्ध भी हो पाये । प्रस्तुत पुस्तक इन्हीं 696 गीतों का सार है |
साहिर फिल्मी-गीतों को महज मनोरंजन का साधन नहीं मानते थे | उन्होंने अपने गीतों में कई विषयों को उठाया | उन्होंने न सिर्फ सामाजिक बुराइयों पर आघात किया, बल्कि आजाद भारत के हालात, उसके भविष्य की रूपरेखा, धार्मिक सौहार्द, स्त्रियों की स्थिति, वक्त की ताकत, प्रेम की अवधारणा जैसे कई जटिल विषयों पर अपने विचार रखे । साहिर के अलावा शायद ही किसी गीतकार का कैनवास इतना विशाल रहा हो । मौजूदा पुस्तक में इन विषयों पर विस्तार से प्रकाश डाला गया है और साहिर के विचारों को जानने, समझने की कोशिश की गई है |
साहिर ने 115-120 फिल्मों के लिए लगभग सवा से साढ़े सात सौ गीत लिखे । मुझे उनकी 114 फिल्मों के 712 गीतों की जानकारी मिली | इनमें से मुझे 696 गीत उपलब्ध भी हो पाये । प्रस्तुत पुस्तक इन्हीं 696 गीतों का सार है |
January 30, 2016
ये रात ये चांदनी फिर कहाँ (जाल -1952) Ye Raat Ye Chandni Phir Kahan (Jaal-1952)
ये रात ये
चांदनी फिर कहां
सुन जा दिल की दास्तां
चांदनी रातें, प्यार की बातें
खो गईं जाने कहां
सीने मे बल खा रहा है धुआं
[Composer : S.D.Burman, Singer : Lata Mangeshkar, Hement Kumar; Producer : Films Arts; Director : Guru Dutt; Actor : Dev Anand, Geeta Bali]
सुन जा दिल की दास्तां
चांदनी रातें, प्यार की बातें
खो गईं जाने कहां
आती है सदा
तेरी टूटे हुए तारों से
आहट तेरी सुनती हूं खामोश नज़ारों से
भीगी हवा, ऊदी घटा कहती है तेरी कहानी
तेरे लिये
बेचैन है शोलों मे लिपटी जवानीआहट तेरी सुनती हूं खामोश नज़ारों से
भीगी हवा, ऊदी घटा कहती है तेरी कहानी
सीने मे बल खा रहा है धुआं
ये रात ये
चांदनी फिर कहां
लहरों के लबों
पर हैं खोए हुए अफ़साने
गुलज़ार उम्मीदों के सब हो गये वीराने
तेरा पता पाऊं कहां, सूने हैं सारे ठिकाने
जाने कहां गुम हो गए, जा के वो अगले ज़माने
बरबाद है आरज़ू का जहां
गुलज़ार उम्मीदों के सब हो गये वीराने
तेरा पता पाऊं कहां, सूने हैं सारे ठिकाने
जाने कहां गुम हो गए, जा के वो अगले ज़माने
बरबाद है आरज़ू का जहां
[Composer : S.D.Burman, Singer : Lata Mangeshkar, Hement Kumar; Producer : Films Arts; Director : Guru Dutt; Actor : Dev Anand, Geeta Bali]
Labels:
1952,
Dev Anand,
Films Arts,
Geeta Bali,
Guru Dutt,
Hement Kumar,
Jaal,
Lata Mangeshkar,
S.D.Burman
हंस ले, गा ले, धूम मचा ले, दुनिया फ़ानी है (जाल-1952) Hans le, gaa le, dhoom macha le, dunia fani hai (Jaal-1952)
हंस ले, गा ले, धूम मचा ले, दुनिया फ़ानी है
कह ले दिल की बात सजन से, रात सुहानी है
कैसी ये जागी अगन
लगी है दिल में लगन
सीने में तूफ़ां है, जलने का अरमां है
कैसी ये जागी अगन
दूर कहीं इक तारा, करता है ये इशारा
जीत है आज उसी की, जिसने सब कुछ हारा
सीने में तूफ़ां है, जलने का अरमां है
कैसी ये जागी अगन
दूर नगरिया तेरी, रस्ता है अनजाना
राह में मिलने वाले, राह में छोड़ न जाना
सीने में तूफ़ां है, जलने का अरमां है
कैसी ये जागी अगन
तोड़ के नाते सारे, चली हूं उनके द्वारे
घर-आंगन से कहियो, अब न मुझे पुकारे
सीने में तूफ़ां है, जलने का अरमां है
कैसी ये जागी अगन
[Composer : S.D.Burman , Singer : Lata Mangeshkar; Producer : Films Arts; Director : Guru Dutt; Actor : Geeta Bali]
कह ले दिल की बात सजन से, रात सुहानी है
कैसी ये जागी अगन
लगी है दिल में लगन
सीने में तूफ़ां है, जलने का अरमां है
कैसी ये जागी अगन
दूर कहीं इक तारा, करता है ये इशारा
जीत है आज उसी की, जिसने सब कुछ हारा
सीने में तूफ़ां है, जलने का अरमां है
कैसी ये जागी अगन
दूर नगरिया तेरी, रस्ता है अनजाना
राह में मिलने वाले, राह में छोड़ न जाना
सीने में तूफ़ां है, जलने का अरमां है
कैसी ये जागी अगन
तोड़ के नाते सारे, चली हूं उनके द्वारे
घर-आंगन से कहियो, अब न मुझे पुकारे
सीने में तूफ़ां है, जलने का अरमां है
कैसी ये जागी अगन
[Composer : S.D.Burman , Singer : Lata Mangeshkar; Producer : Films Arts; Director : Guru Dutt; Actor : Geeta Bali]
Labels:
1952,
Films Arts,
Geeta Bali,
Guru Dutt,
Jaal,
Lata Mangeshkar,
S.D.Burman
December 06, 2015
बदल रही है ज़िंदगी (आज़ादी की राह पर - 1948) badal rahi hai zindagi (Azadi kii raah par - 1948)
बदल रही है ज़िंदगी, बदल रही है ज़िंदगी
ये उजड़ी-उजड़ी बस्तियां, ये लूट की निशानियां
ये अजनबी, ये अजनबी के ज़ुल्म की कहानियां
अब इन दुखों के भार से निकल रही है ज़िंदगी
बदल रही है ज़िंदगी
ज़मीं पे सरसराहटें, फ़लक पे फ़रफ़राहटें
फिजां में गूंजती हैं एक नए जहां की आहटें
मचल रही है ज़िंदगी, संवर रही है ज़िंदगी
बदल रही है ज़िंदगी
ये उजड़ी-उजड़ी बस्तियां, ये लूट की निशानियां
ये अजनबी, ये अजनबी के ज़ुल्म की कहानियां
अब इन दुखों के भार से निकल रही है ज़िंदगी
बदल रही है ज़िंदगी
ज़मीं पे सरसराहटें, फ़लक पे फ़रफ़राहटें
फिजां में गूंजती हैं एक नए जहां की आहटें
मचल रही है ज़िंदगी, संवर रही है ज़िंदगी
बदल रही है ज़िंदगी
[Composer : G. D. Kapoor, Singer : B.S.Nanji, Director : Lalit Chandra
Mehta, Producer : Hindustan Kala Mandir]
October 19, 2015
तीन लोक पर राज तिहारा (36 घंटे -1974) Teen lok par raaj tihara (36 Ghante -1974)
तीन लोक पर राज तिहारा
चार खूंट तोरा धाम रे
तू जो करे सो होय
दूजा करे न कोय
रखियो नजर श्रीराम रे
प्रभु तुमरे हाथ हजार
सदा रखियो लाज हमार
तुम हो जगत के स्वामी
हम हैं मूरख अज्ञानी
गिरने लगे तो लीजो थाम रे
रखियो नजर श्रीराम रे
तोरी रचना सब संसार
तोरी लीला अपरम्पार
संकट को टारे तू ही
डूबे उभारे तू ही
दुखभंजन तेरो नाम रे
रखियो नजर श्रीराम रे
चार खूंट तोरा धाम रे
तू जो करे सो होय
दूजा करे न कोय
रखियो नजर श्रीराम रे
प्रभु तुमरे हाथ हजार
सदा रखियो लाज हमार
तुम हो जगत के स्वामी
हम हैं मूरख अज्ञानी
गिरने लगे तो लीजो थाम रे
रखियो नजर श्रीराम रे
तोरी रचना सब संसार
तोरी लीला अपरम्पार
संकट को टारे तू ही
डूबे उभारे तू ही
दुखभंजन तेरो नाम रे
रखियो नजर श्रीराम रे
[Composer : Sapan Chakravarty, Singer
: Asha Bhonsle, Mahendra Kapoor, Director : Raj Tilak, Producer :
Tilak Movies Pvt.Ltd, Actor : Raj Kumar,
Parveen Bobby, Sunil Dutt, Mala Sinha, Rajnit]
यहां बन्धु! आते को है जाना (36 घंटे -1974) Yahan Bandhu! Aate ko hai jana (36 Ghante -1974)
यहां बन्धु!
आते को है जाना
कोई हो, यहां बन्धु आते को है जाना
बोले ये हे बन्धु!
तोसे बहती नदी
कहती यही उठती घटा
चलती हवा गाती यही गाना
कोई हो, नहीं यहां किसी का ठिकाना
कल हो कहां किसको ख़बर
बोले यही सांसों का तराना
कोई हो, नहीं यहां किसी का ठिकाना
[Composer : Sapan Chakravarty, Singer : Mukesh, Director : Raj Tilak, Producer : Tilak Movies Pvt.Ltd, Actor : Raj Kumar, Parveen Bobby, Sunil Dutt, Mala Sinha]
कोई हो, यहां बन्धु आते को है जाना
बोले ये हे बन्धु!
तोसे बहती नदी
कहती यही उठती घटा
चलती हवा गाती यही गाना
कोई हो, नहीं यहां किसी का ठिकाना
बोले ये हे बन्धु!
तोसे जल की
लहर कल हो कहां किसको ख़बर
बोले यही सांसों का तराना
कोई हो, नहीं यहां किसी का ठिकाना
[Composer : Sapan Chakravarty, Singer : Mukesh, Director : Raj Tilak, Producer : Tilak Movies Pvt.Ltd, Actor : Raj Kumar, Parveen Bobby, Sunil Dutt, Mala Sinha]
चुप हो आज कहो क्या है बात (36 घंटे -1974) Chup ho aaj kaho kya hai baat (36 Ghante -1974)
ढल न जाये कहीं
ढलती रात, जरा बोलो ना
न तो जागती, न तो सोई सी
बड़ी दूर हो, कहीं खोई सी,
जरा बोलो ना
चुप हो आज कहो क्या है बात, जरा बोलो ना
यूं तो साथ हो सबके, पर जुदा-जुदा सी हो
इस हसीन महफिल से, कुछ खफा-खफा सी हो
सांस की खुशबू, आँख का जादू,
इस महफिल में घोलो ना
चुप हो आज कहो क्या है बात, जरा बोलो ना
इन हसीन आँखों में बेरुखी नहीं सजती
फूल जैसे होंठो पे खामोशी नहीं सजती
नाज़ ये क्या है, राज़ ये क्या है
चुप ना रहो, दिल खोलो ना
चुप हो आज कहो क्या है बात, जरा बोलो ना
न तो जागती, न तो सोई सी
बड़ी दूर हो, कहीं खोई सी,
जरा बोलो ना
चुप हो आज कहो क्या है बात, जरा बोलो ना
यूं तो साथ हो सबके, पर जुदा-जुदा सी हो
इस हसीन महफिल से, कुछ खफा-खफा सी हो
सांस की खुशबू, आँख का जादू,
इस महफिल में घोलो ना
चुप हो आज कहो क्या है बात, जरा बोलो ना
इन हसीन आँखों में बेरुखी नहीं सजती
फूल जैसे होंठो पे खामोशी नहीं सजती
नाज़ ये क्या है, राज़ ये क्या है
चुप ना रहो, दिल खोलो ना
चुप हो आज कहो क्या है बात, जरा बोलो ना
[Composer : Sapan Chakravarty, Singer : Kishore Kumar, Director : Raj Tilak, Producer : Tilak Movies Pvt.Ltd, Actor : Parveen Bobby, Vijay Arora]
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