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August 05, 2017

इतनी जल्दी ना करो रात का दिल टूटेगा (आदमी और इंसान - 1969) Itni jaldi na karo raat ka dil tutega (Aadmi aur Insaan -1969)

इतनी जल्दी ना करो रात का दिल टूटेगा 
आप जायेंगे तो जज्बात का दिल टूटेगा 

सारी रात  जागे तो जवानी क्या 
सुबह तक चले तो कहानी क्या 
जुल्फ जो हमने बनाई थी, वो बिखरी भी नहीं  
रंग पे आ के ये महफिल अभी निखरी भी नहीं  
शम्मा का, साज का, नगमात का दिल टूटेगा 
इतनी जल्दी ना करो रात का दिल टूटेगा |

गर्म सांसों से जरा जिस्म पिघलने दीजिए
चाहने वालों के अरमान निकलने दीजिए 
कम से कम प्यार का इल्जाम तो लेते जाएं 
आज की रात का इनाम तो लेते जाएं
चल दिए आप तो हर बात का दिल टूटेगा 
इतनी जल्दी ना करो रात का दिल टूटेगा |

(Composer: Ravi;  Singer : Asha Bhonsle;  Producer: B.R.Chopra,  Director : Yash Chopra, Actor : Mumtaaz, Dharmendra)

January 03, 2012

जागेगा इंसान ज़माना देखेगा (आदमी और इंसान -1969) Jaagega Insaan Zamaana Dekhega (Aadmi aur Insaan-1969)

जागेगा इंसान ज़माना देखेगा
उठेगा तूफ़ान ज़माना देखेगा

बहता चलेगा मीलों नहरों का पानी
झूमेगी खेती जैसे झूमे जवानी
चमकेगा देश हमारा मेरे साथी रे
आँखों में कल का नज़ारा मेरे साथी रे
नवयुग का वरदान ज़माना देखेगा |

फिरते थे मुल्को मुल्को झोली पसारे
अब से जियेंगे हम भी अपने सहारे
चमकेगा देश हमारा मेरे साथी रे
आँखों में कल का नज़ारा मेरे साथी रे
भरे हुए खलिहान ज़माना देखेगा |

फूटेगा मोती बनके अपना पसीना
दुनिया की कौमे हमसे सीखेगी जीना
चमकेगा देश हमारा मेरे साथी रे
आँखों में कल का नज़ारा मेरे साथी रे
कल का हिंदुस्तान ज़माना देखेगा
जागेगा इंसान ज़माना देखेगा |


(Composer: Ravi;   Singer : Mahender Kapoor;   Producer: B.R.Chopra,  Director : Yash Chopra;  Actor:  Dharmendra, Mumtaaz]

June 11, 2011

ज़िन्दगी इत्तफ़ाक़ है (आदमी और इंसान-1969) Zindagi itafaq hai (Aadmi aur Insaan -1969)

ज़िन्दगी इत्तफ़ाक़ है
कल भी इत्तफ़ाक़ थी
आज भी इत्तफ़ाक़ है
ज़िन्दगी इत्तफ़ाक़ है ...

जाम पकड़ बढ़ा के हाथ
माँग दुआ घटे न रात
जान-ए-वफ़ा तेरी क़सम
कहते हैं दिल की बात हम
ग़र कोई मेल हो सके
आँखों का खेल हो सके
अपने को ख़ुशनसीब जान
वक़्त को मेहरबान मान
मिलते हैं दिल कभी-कभी
वरना हैं अजनबी सभी
मेरे हमदम मेरे मेहरबाँ
हर ख़ुशी इत्तफ़ाक़ है
कल भी इत्तफ़ाक़ थी ...

हुस्न है और शबाब है
ज़िन्दगी क़ामयाब है
बज़्म यूँ ही खिली रहे
अपनी नज़र मिली रहे
रंग यूँ ही जमा रहे
वक़्त यूँ ही थमा रहे
साज़ की लय पे झूम ले
ज़ुल्फ़ के ख़म को चूम ले
मेरे किए से कुछ नहीं
तेरे किए से कुछ नहीं
मेरे हमदम मेरे मेहरबाँ
ये सभी इत्तफ़ाक़ है
कल भी इत्तफ़ाक़ थी ...

(Composer : Ravi;  Singer : Asha Bhonsle;  Producer: B.R.Chopra,  Director : Yash Chopra; Actor: Mumtaaz, Dharmendra, Firoz Khan]